
सोरम में आवारा कुत्ते ने महिला को काटकर किया घायल, जिला चिकित्सालय रेफर महिला पर हमले के कुछ देर बाद ही कुत्ते की मौत, ग्रामीणों ने पागल होने की जताई आशंका; डाकखाने वाली गली में 200 मीटर के दायरे में घूमते हैं 40-50 आवारा कुत्ते, ग्रामीणों ने प्रशासन से की पकड़वाने की मांग
सोरम में आवारा कुत्ते ने महिला को काटकर किया घायल, जिला चिकित्सालय रेफर
महिला पर हमले के कुछ देर बाद ही कुत्ते की मौत, ग्रामीणों ने पागल होने की जताई आशंका; डाकखाने वाली गली में 200 मीटर के दायरे में घूमते हैं 40-50 आवारा कुत्ते, ग्रामीणों ने प्रशासन से की पकड़वाने की मांग
शाहपुर, मुजफ्फरनगर। क्षेत्र के गांव सोरम में आवारा कुत्तों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। गांव की गली में एक आवारा कुत्ते ने एडवोकेट विक्रांत बालियान की माता राजेश देवी पर हमला कर उन्हें घायल कर दिया। कुत्ते ने उनके हाथ की उंगली को बुरी तरह चबा लिया और पैर पर भी कई जगह काटकर जख्मी कर दिया। परिजन उन्हें तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शाहपुर लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उनकी हालत को देखते हुए जिला चिकित्सालय मुजफ्फरनगर रेफर कर दिया।
इस घटना के बाद ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। ग्रामीणों के अनुसार, महिला को काटने के कुछ देर बाद ही संबंधित कुत्ते की मौत हो गई। ग्रामीणों ने आशंका जताई कि कुत्ता पागल हो चुका था। गांव में चर्चा है कि इस कुत्ते ने राजेश देवी पर हमला करने के अलावा अन्य लोगों को भी काटा है। हालांकि, कुत्ते के पागल होने और उसके द्वारा अन्य लोगों को काटे जाने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। घटना के बाद ग्रामीणों में आवारा कुत्तों के हमले को लेकर भय और चिंता बढ़ गई है।
अचानक किया हमला, हाथ और पैर पर काटा
जानकारी के अनुसार, राजेश देवी किसी काम से अपने घर से कुछ दूरी पर स्थित गली में जा रही थीं। इसी दौरान अचानक एक आवारा कुत्ते ने उन पर हमला कर दिया। कुत्ते ने उनके हाथ की उंगली को बुरी तरह काट लिया और पैर पर भी कई जगह दांत मारकर उन्हें घायल कर दिया। अचानक हुए हमले से महिला संभल नहीं सकीं। घटना की जानकारी मिलते ही परिजन मौके पर पहुंचे और उन्हें उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शाहपुर ले गए। प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उन्हें जिला चिकित्सालय मुजफ्फरनगर रेफर कर दिया।
महिला पर हमले और उसके कुछ देर बाद कुत्ते की मौत की जानकारी सामने आने के बाद ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि कुत्ता पागल था और उसने अन्य लोगों को भी काटा है, तो ऐसे लोगों की पहचान कर उन्हें समय पर चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराना जरूरी है।
डाकखाने वाली गली में 40-50 आवारा कुत्तों का जमावड़ा
ग्रामीणों के अनुसार, गांव सोरम की डाकखाने वाली गली में आवारा कुत्तों की संख्या काफी अधिक है। लगभग 200 मीटर के दायरे में 40 से 50 आवारा कुत्ते घूमते रहते हैं। ये कुत्ते गली से गुजरने वाले लोगों पर भौंकते हैं और कई बार अचानक हमला करने के लिए दौड़ पड़ते हैं। इससे बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को गली से निकलने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि आवारा कुत्तों की बढ़ती संख्या के कारण लोगों में हर समय अनहोनी का डर बना रहता है। बच्चों को अकेले बाहर भेजने में भी अभिभावक घबराते हैं। महिलाओं और बुजुर्गों को गली से गुजरते समय विशेष सावधानी बरतनी पड़ती है। अब राजेश देवी पर हुए हमले के बाद ग्रामीणों की चिंता और बढ़ गई है।
प्रशासन से आवारा कुत्तों को पकड़वाने की मांग
एडवोकेट विक्रांत बालियान सहित ग्रामीणों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से गांव में घूम रहे आवारा कुत्तों को पकड़वाने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि डाकखाने वाली गली में कुत्तों की संख्या अधिक होने के बावजूद समस्या के समाधान के लिए प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। यदि समय रहते कदम नहीं उठाए गए, तो भविष्य में किसी अन्य व्यक्ति पर भी हमला हो सकता है।
ग्रामीणों ने मांग की है कि संबंधित विभाग तत्काल गांव में आवारा कुत्तों की स्थिति का जायजा ले और लोगों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाए। साथ ही, महिला को काटने के बाद मरे कुत्ते के मामले की जांच कर यह पता लगाया जाए कि कहीं वह रेबीज से संक्रमित तो नहीं था। यदि अन्य लोगों को भी उस कुत्ते ने काटा है, तो उनकी पहचान कर स्वास्थ्य विभाग के माध्यम से आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श और उपचार सुनिश्चित किया जाए।
ग्रामीणों ने प्रशासन से अपील की है कि इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए जल्द कार्रवाई की जाए, ताकि गांव के लोगों, विशेषकर बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को आवारा कुत्तों के आतंक से राहत मिल सके।











