
केंद्रीय कृषि मंत्री के साथ प्री-बजट कंसल्टेशन में पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन ने रखे अहम सुझाव अशोक बालियान बोले—किसान हित सर्वोपरि, सरकार से सकारात्मक पहल की उम्मीद
केंद्रीय कृषि मंत्री के साथ प्री-बजट कंसल्टेशन में पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन ने रखे अहम सुझाव
अशोक बालियान बोले—किसान हित सर्वोपरि, सरकार से सकारात्मक पहल की उम्मीद
नई दिल्ली। गत दिवस कृषि भवन, नई दिल्ली के कक्ष संख्या 142 में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में आयोजित प्री-बजट कंसल्टेशन मीटिंग में पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन ने कृषि सुधारों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाया। एसोसिएशन के चेयरमैन अशोक बालियान एवं भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के राष्ट्रीय प्रवक्ता धर्मेन्द्र मलिक ने बैठक में सक्रिय रूप से भाग लिया। इस महत्वपूर्ण बैठक में कृषि सचिव देवेश चतुर्वेदी, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के महानिदेशक डॉ. एम.एल. जाट, पूर्व महानिदेशक डॉ. परोधा सहित देशभर के प्रमुख कृषि संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। एसोसिएशन की ओर से तकनीकी विशेषज्ञों के रूप में विनीत बालियान और अश्विन चौधरी भी उपस्थित रहे।
अशोक बालियान ने प्री-बजट मीटिंग में किसानों की वास्तविक समस्याओं और ज़मीनी हालातों को प्रमुखता से रखते हुए कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए। उन्होंने कहा कि आज खेती की लागत लगातार बढ़ रही है और किसानों को बाजार में उचित मूल्य नहीं मिल पा रहा है, ऐसे में केंद्र सरकार को बजट में किसान-केंद्रित नीतियाँ लागू करनी चाहिए।
बैठक में पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से निम्न प्रमुख सुझाव रखे गए—
• एमएसपी खरीद को मजबूत करने के लिए केंद्र–राज्य संयुक्त कृषक खरीद तंत्र का गठन।
• किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) की लिमिट में वृद्धि और ब्याज दर को 1–3 प्रतिशत के बीच सीमित करना।
• कृषि यंत्रों पर 80% तक सब्सिडी प्रदान करना ताकि छोटे किसान आधुनिक तकनीक अपना सकें।
• छोटे एवं लघु किसानों के लिए पीएम फसल बीमा योजना का प्रीमियम पूरी तरह शून्य करना।
• कृषि विषय को संविधान की समवर्ती सूची में शामिल करने की मांग।
• भारतीय कृषि सेवा (Indian Agricultural Service) का गठन कर कृषि प्रशासन को सुदृढ़ बनाना।
• डेयरी और FPOs के लिए विशेष सब्सिडी व निर्यात प्रोत्साहन।
• बाजार हस्तक्षेप योजना को अधिक प्रभावी बनाते हुए इसके बजट में वृद्धि।
• एमएसपी घोषित करते समय संबंधित फसल पर आयात शुल्क बढ़ाकर मूल्य गिरावट को रोकने की व्यवस्था।
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एसोसिएशन द्वारा प्रस्तुत सुझावों की सराहना करते हुए कहा कि ये किसान हित में बेहद महत्वपूर्ण हैं और इन्हें आगामी बजट में गंभीरता से विचार के लिए वित्त मंत्रालय को भेजा जाएगा। उन्होंने राज्यों और केंद्र के बीच बेहतर समन्वय, कृषि में आधुनिक तकनीक के विस्तार, लागत में कमी तथा किसानों की आय सुरक्षा पर जोर दिया।
अशोक बालियान ने कहा कि पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन भविष्य में भी सरकार के साथ सहयोगी भूमिका निभाते हुए किसानों की आवाज को नीति-निर्माण स्तर तक पहुँचाता रहेगा।











