
फर्जी पुलिसकर्मी बनकर ठगी करने वाला आरोपी शाहपुर पुलिस की गिरफ्त में
फर्जी पुलिसकर्मी बनकर ठगी करने वाला आरोपी शाहपुर पुलिस की गिरफ्त में
शाहपुर। थाना पुलिस ने फर्जी पुलिसकर्मी बनकर ठगी की वारदात को अंजाम देने वाले एक शातिर ठग को गिरफ्तार कर बड़ा खुलासा किया है। आरोपी के पास से पुलिस की वर्दी, बेल्ट, लाल रंग के जूते, एक अवैध चाकू, नकदी तथा मोटरसाइकिल बरामद की गई है। पुलिस अब उसके आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है।
थाना क्षेत्र के गांव कुटबी निवासी मोहित चौधरी ने 6 दिसंबर को पुलिस में तहरीर दी थी कि एक अज्ञात युवक पुलिस की टोपी पहने उनके घर पहुंचा। उस समय घर पर केवल उसकी माता और भाई मौजूद थे। युवक ने खुद को उनके पुत्र पंकज चौधरी का मुरादाबाद पुलिस प्रशिक्षण केंद्र का साथी बताते हुए कहा कि पंकज की तबीयत अत्यंत खराब है और उसने उसे घर से दस हजार रुपये लाने भेजा है। युवक ने भरोसा दिलाने के लिए अपने थैले में रखी पुलिस की वर्दी और बेल्ट भी दिखा दी। उस पर विश्वास कर उसकी माता और भाई ने उसे तीन हजार रुपये दे दिए।
बाद में जब मोहित घर पहुंचा तो उसकी माता ने पूरी घटना बताई। उन्होंने तुरंत पंकज से संपर्क किया, जहां पता चला कि वह पूरी तरह स्वस्थ है और ऐसी कोई मदद नहीं मांगी गई थी। इसके बाद पीड़ित परिवार ने संदिग्ध व्यक्ति की काफी तलाश की, लेकिन वह हाथ नहीं लगा। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस सक्रिय हुई और संदिग्ध की धरपकड़ के प्रयास तेज कर दिए।
रविवार को चेकिंग के दौरान पुलिस को सफलता मिली। गांव बसधाड़ा की ओर जाने वाले जंगल के लिंक मार्ग पर एक संदिग्ध बाइक सवार को रोककर तलाशी ली गई। उसके पास से पुलिस की वर्दी, बेल्ट, लाल जूते, एक अवैध चाकू और दो हजार रुपये की नकदी बरामद हुई। आरोपी की पहचान बागपत जनपद के थाना दोघट क्षेत्र के गांव धनौरा निवासी मनोज कुमार उर्फ गुप्ता पुत्र ओमप्रकाश के रूप में हुई।
पूछताछ में मनोज ने कुटबी गांव में तीन हजार रुपये की ठगी की घटना को स्वीकार कर लिया। पुलिस ने मौके से बरामद बाइक, आधार कार्ड और अन्य सामान को कब्जे में ले लिया है। थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करते हुए उसे जेल भेज दिया गया है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि उसने कहीं और भी इसी प्रकार की वारदातें तो नहीं कीं।











